योगी की टेंशन बढ़ाने के लिए सपा ने भगवा कैंप के ही पुराने योद्धा के परिवार को मैदान में उतारा, जानें क्या है रणनीति

योगी की टेंशन बढ़ाने के लिए सपा ने भगवा कैंप के ही पुराने योद्धा के परिवार को मैदान में उतारा, जानें क्या है रणनीति

सपा ने गोरखपुर सदर से सुभावती शुक्ला को टिकट दिया है। सीएम योगी के खिलाफ समाजवादी पार्टी ने दिवगंत दिग्गज भाजपा नेता उपेंद्र शुक्ला की पत्नी को मैदान में उतारा है। वैसे तो गोरखपुर में योगी की राह काफी आसान मानी जा रही है। समाजवादी पार्टी ने इस सीट से ब्राह्मण चेहरे को उतार मुकाबले को दिलचस्प बनाने में जुटी।

गोरखपुर सदर सीट से योगी आदित्यनाथ के चुनाव लड़ने की घोषणा के साथ ही ये सीट पहले से ही सुर्खियों में है। आज  समाजवादी पार्टी ने अपने 24 उम्मीदवारों के नाम का ऐलान कर दिया है। सपा ने गोरखपुर सदर से सुभावती शुक्ला को टिकट दिया है। सीएम योगी के खिलाफ समाजवादी पार्टी ने दिवगंत दिग्गज भाजपा नेता उपेंद्र शुक्ला की पत्नी को मैदान में उतारा है। सपा की नई लिस्ट में पार्टी ने प्रतापगढ़ से सौरभ सिंह, इलाहबाद से अंसार अहमद को अपना उम्मीदवार घोषित किया है वहीं आजमगढ़ की मुबारकपुर सीट से अखिलेश यादव को मैदान में उतारा गया है, अखिलेश यादव सपा के जिलाध्यक्ष रहे हैं और पहले भी चुनाव लड़ चुके हैं। वहीं महाराजगंज से कौशल सिंह को अपना उम्मीदवार घोषित किया है पार्टी ने बस्ती की हरैया सीट से त्रियंबक पाठक, देवरिया से प्रदीप यादव को अपना उम्मीदवार बनाया है।

भाजपा के दिग्गज नेता उपेन्‍द्र शुक्‍ल

भाजपा संगठन के कद्दावर नेताओं में सुमार उपेंद्र दत्त शुक्ला गोरखपुर, बस्ती और आजमगढ़ मंडल में पार्टी का ब्राह्मण चेहरा थे। लंबे समय तक पार्टी में संगठन का कार्य करने वाले शुक्ला विभिन्न पदों पर भी रहे। कौड़ीराम विधानसभा सीट से भाजपा ने उन्हें प्रत्याशी बनाया था, लेकिन वह चुनाव हार गए थे। योगी आदित्यनाथ के सीएम बनने के बाद रिक्त हुई गोरखपुर लोकसभा सीट से भाजपा ने उन्हें उपचुनाव में उतारा था। लेकिव सपा की तरफ से प्रवीण निषाद के हाथों उन्हें शिकस्त मिली थी। बाद में उपेंद्र शुक्ला की ब्रेन हैमरेज से मौत हो गई थी।

गोरखपुर का मुकाबला दिलचस्प

वैसे तो गोरखपुर में योगी की राह काफी आसान मानी जा रही है। लेकिन समाजवादी पार्टी ने इस सीट से ब्राह्मण चेहरे को उतार मुकाबले को दिलचस्प बनाने में जुटी है। एक तरफ जहां आजाद समाज पार्टी के नेता चंद्रशेखर भी योगी को गोरखपुर सदर सीट से चुनौती दे रहे हैं। वहीं बसपा की तरफ से ख्वाजा शमसुद्दीन को उम्मीदवार बनाया गया है।