2023 से प्राथमिक खंड में रैपिड रेल का संचालन शुरू

 

17 में से 11 किलोमीटर का वायडक्ट तैयार, 2023 से दौड़ेगी रैपिड रेल
गाजियाबाद: नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट कारपोरेशन (एनसीआरटीसी) की ओर से दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ रैपिड रेल ट्रांजिट सिस्टम (आरआरटीएस) कारिडोर के निर्माण कार्य में अब और तेजी लाई जाएगी, जिससे कि 2023 से प्राथमिक खंड में रैपिड रेल का संचालन शुरू हो सके। साहिबाबाद से दुहाई के बीच प्राथमिक खंड के 17 में से 11 किलोमीटर का वायडक्ट बनकर तैयार हो गया। उस पर रेल की पटरी बिछाने का काम शुरू हो गया है।

हिडन नदी के पास रेलवे लाइन के ऊपर से रैपिड रेल निकलेगी। इसके लिए पुल बनाया जाना है। रेलवे लाइन को बाधित किए बिना पुल का निर्माण करने पर मंथन किया गया। एनसीआरटीसी के इंजीनियरों की राय के बाद निर्णय लिया गया कि स्टील का पुल रेलवे लाइन से अलग बनाया जाए और बाद में उसे स्थापित किया जाए। 73 मीटर लंबा 850 मीट्रिक टन वाला यह पुल बनकर तैयार है। इसमें 39 हजार बोल्ट लगाए गए हैं। दीपावली बाद रेलवे से ब्लाक मिलने पर पुल उठाकर सेट किया जाएगा। रैपिड रेल के लिए दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कारिडोर पर काम चल रहा है। प्राथमिक खंड में चार स्टेशन बनाए जा रहे हैं। मेरठ तिराहे, दुहाई और गुलधर में रैपिड रेल के स्टेशन आकार लेने लगे हैं। मेरठ तिराहे पर बन रहे गाजियाबाद रेलवे स्टेशन को 25 मीटर की ऊंचाई पर बनाया जा रहा है। यह तीन मंजिला स्टेशन होगा। रेल पटरी आधुनिक तरीके से बिछाई जा रही है। एनसीआरटीसी के अधिकारियों ने बताया कि हिडन बैराज के पास एलिवेटेड रोड के नीचे से रैपिड रेल निकलेगी। इसके लिए वायडक्ट तैयार हो गया है। नए बस अड्डे के पास रैपिड रेल एलिवेटेड रोड के ऊपर से निकलेगी।